मुंगेली । परिवार में स्त्री के महत्व, संस्कारों की गरिमा और परंपराओं की निरंतरता को सम्मान देने के उद्देश्य से मकस कहानिका झारखंड द्वारा आयोजित "मैं ही घर की तुलसी" प्रतियोगिता का परिणाम घोषित किया गया। प्रतियोगिता में विभिन्न राज्यों की महिलाओं ने भक्ति, सौम्यता और संस्कृति के साथ सहभागिता की।
प्रतियोगिता में प्राप्त अंकों के आधार पर विजेताओं की सूची इस प्रकार है— प्रथम स्थान – मधुमिता साहा, झारखण्ड और नंदनी कौरव , छत्तीसगढ, द्वितीय स्थान – प्रियंका संदीप गुप्ता, पश्चिम बंगाल, तृतीय स्थान – रश्मि रानी कौशल, हरियाणा ।
इस प्रतियोगिता का उद्देश्य केवल तुलसी श्रृंगार को दिखाना नहीं, बल्कि घर-परिवार की पवित्रता, स्त्री की धैर्यशीलता और जीवनदायिनी भूमिका को प्रतीक रूप में प्रस्तुत करना था।
इस प्रतियोगिता में निर्णायक की भूमिका तीन निर्णायको द्वारा निभाई गई, जिसमे सुधीर श्रीवास्तव (उत्तर प्रदेश), रजनी कटारे (मध्यप्रदेश) तथा डॉ. उर्मिला सिन्हा (झारखण्ड) शामिल थे।
मकस कहानिका की आयोजन टीम ने कहा—"स्त्री ही घर का आंगन है, तुलसी की तरह पवित्र, शीतल और जीवन में हरियाली लाने वाली। इस प्रतियोगिता ने उसी भाव को जीवित किया।"

