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कल 41वें वर्ष में 40 शिक्षकों का विपिन जोशी स्मारक समिति करेगी सम्मान : शिक्षकों का होगा पद-प्रक्षालन और महाआरती रहेगी आकर्षण का केंद्र


कल 41वें वर्ष में 40 शिक्षकों का विपिन जोशी स्मारक समिति करेगी सम्मान : शिक्षकों का होगा पद-प्रक्षालन और महाआरती रहेगी आकर्षण का केंद्र 

उत्तराखंड और अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के अनंत गंगोला को प्राप्त होगा सरस्वती पुत्र सम्मान 

​इटारसी। कल शिक्षक दिवस पर विपिन जोशी स्मारक समिति इटारसी द्वारा आयोजित होने वाला 41वां राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान समारोह इस वर्ष एक नए उत्साह और भव्यता के साथ प्रमोद पगारे द्वारा स्थापित सरस्वती पुत्र सम्मान श्री अनंत गंगोला को प्रदत्त कर  मनाया जाएगा।उक्त आशय की जानकारी समिति अध्यक्ष रमेश के साहू एडवोकेट ने दी। .....यह प्रतिष्ठित समारोह ‘द पार्क क्लब एंड रिसॉर्ट’, होशंगाबाद रोड, इटारसी में शाम 5 बजे से 10 बजे के बीच आयोजित होगा। इस वर्ष देशभर से चुने गए 40 शिक्षकों को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया जाएगा।

समारोह का मुख्य आकर्षण: पदप्रक्षालन और महाआरती

​इस वर्ष के आयोजन का सबसे खास पहलू चयनित शिक्षकों का पद प्रक्षालन और सामूहिक महाआरती है, जो गुरुओं के प्रति सम्मान की एक अनूठी परंपरा को दर्शाता है। यह आध्यात्मिक और भावनात्मक पल शिक्षकों के सम्मान में एक अद्भुत रोमांच और गौरव का अनुभव देगा।

समिति के अध्यक्ष रमेश के. साहू (एडवोकेट)सचिव विनीत चौकसे,कोषाध्यक्ष नीलेश जैन सहित वरिष्ठ सदस्यों  ने सम्मानित होने वाले शिक्षकों की सूची पूर्व में ही पत्रकार वार्ता के माध्यम से जारी कर दी थी। इस सूची में देश के विभिन्न हिस्सों और शिक्षण संस्थानों से जुड़े शिक्षकों के नाम शामिल हैं, जिनमें प्राथमिक शिक्षकों से लेकर प्रोफेसर और प्राचार्य तक शामिल हैं। ​41वें राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान समारोह में इस वर्ष का सर्वश्रेष्ठ सरस्वती पुत्र सम्मान अनंत गंगोला (उत्तराखंड,बंगलौर और म. प्र.के आदिवासियों कसाथ केंद्र और प्रदेश सरकार के साथ शिक्षा नीतियों पर कार्य करने वाले) वाली हस्ती को प्रदान किया जाएगा। साथ ही ज्ञानगंगा सम्मान, विवेक सागर सम्मान, कर्मा रत्न सम्मान, अर्जुन सम्मान, सांदीपनी सम्मान, विश्वामित्र सम्मान सहित अन्य श्रेणियों के तहत कुल 40 शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा।

पत्रकार प्रमोद पगारे द्वारा रखी गई थी नींव

विपिन जोशी स्मारक समिति की नींव  पत्रकार प्रमोद पगारे द्वारा रखी गई थी। उनके द्वारा यह राष्ट्रीय स्तर का शिक्षक सम्मान समारोह सन 1985 में शुरू किए गए सरस्वती पुत्र सम्मान की परंपरा को आगे बढ़ाता है। इस मंच ने कई ऐसे शिक्षकों को सम्मानित किया है, जिन्हें बाद में राष्ट्रपति और राज्यपाल पुरस्कार भी प्राप्त हुए। अपनी शुरुआत के बाद से आज तक यह समारोह अपनी एक अलग पहचान बना चुका है।

​कार्यक्रम में सरस्वती वंदना की प्रस्तुति स्वर मालिका म्यूजिक क्लास, इटारसी के शिष्यों द्वारा दी जाएगी और पंडित सरवन नगाइच के सानिध्य में  स्वस्ति वाचन किया जाएगा। समिति ने शहर के सभी नागरिकों से इस भव्य समारोह में बड़ी संख्या में उपस्थित होकर शिक्षकों का उत्साहवर्धन करने और कार्यक्रम को सफल बनाने का अनुरोध किया है।

देवेन्द्र सोनी नर्मदांचल के वरिष्ठ पत्रकार तथा युवा प्रवर्तक के प्रधान सम्पादक है। साथ ही साहित्यिक पत्रिका मानसरोवर एवं स्वर्ण विहार के प्रधान संपादक के रूप में भी उनकी अपनी अलग पहचान है। Click to More Detail About Editor Devendra soni

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