काव्य :
रोशन नाम करें भारत का
भक्ति भाव के फूल बिछाएँ हम पग पग में।
रोशन नाम करें भारत का सारे जग में ।
जन गण मन का गीत गा रहे प्रेम भाव से, देशभक्ति है भरी हुईअपनी रगरग में ।।१।।
दुश्मन कर ना पाए कोई हम पर हमला। अगर करे कोई साहस तो वह है कमला। उसे नहीं मालूम खड़े हैं वीर सरहद पर, धरलेता है रूप भयावह भी जटजमला ।2।
बार-बार अपने दुश्मन ने मुंँह की खाई। बार-बार हमने उसको शक्ति दिखलाई। चीन पाक को अब यह सबक सिखाना होगा, . अबकीअगर हिमाकत की फिर मौतबुलाई ।।३।
देश की रक्षा की खातिर हम जान लुटा दे। इक गोली से दुश्मन की हम मौत बुला दे। देशभक्त को कौन यहां झुका सकता है, गर पहाड़ भी आगे आए उसे हटा दें।।४।।
देशभक्त हैं चमचों की बारात नहीं हैं। हमें हरा दे दुश्मन की औकात नहीं है। फर्ज़ निभाते मिट जाते हैं जान लड़ाते कफ़न तिरंगै से बढ़कर सौगात नहीं है।५।
- आत्म प्रकाश कुमार गांधीनगर गुजरात ।