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सिंधी समाजजन मनायेगे गुरूनानक देव का 556 वां 8 दिवसीय प्रकाशोत्सव 30 अक्टूबर से


 

सिंधी समाजजन मनायेगे गुरूनानक देव का 556 वां 8 दिवसीय प्रकाशोत्सव 30 अक्टूबर से

महो़त्सव के दौरान होगा गोपाष्टमी, तुलसी विवाह, भीष्म के दीपों का प्रज्जवलन और 6 नवम्बर को होगा आम भंडारा

खंडवा। सिंधी कालोनी स्थित प्रसिद्ध बालकधाम में सुफी संत श्री गुरूनानकदेव जी का आठ दिवसीय 556 वां जयंती प्रकाशोत्सव गुरुवार 30 से गुरुवार 6 नवंबर तक स्वामी माधवदास उदासी जी के सानिध्य में समाजजनों द्वारा बड़ी श्रद्धा हर्षोल्लास से मनाए जाने का निर्णय पूज्य सिंधी पंचायत प्रभारी अध्यक्ष मोहन दीवान की अध्यक्षता में आयोजित समाजजनों की एक बैठक में लिया गया। आठ दिवसीय उत्सव के दौरान प्रति रात्रि 9 बजे से श्री झुलेलाल समर्थ पैनल, श्री पिपलेश्वर झुलेलाल भजन मंडली के साथियों व्दारा एवं 3 से 5 नवम्बर को भगत मोहन कोरो छमाछम पार्टी कल्याण (मुम्बई) व्दारा संगीतमय गीतों, भजनों, पल्लव की प्रस्तुतियां होगी। वहीं गुरुवार 30 अक्टूबर को गोपाष्टमी के पावन अवसर पर गौमाता को गौ ग्रास खिलाया जाकर पूजा की जायेगी। सोमवार 2 नवम्बर को देव उठनी एकादशी को भीष्म (भीखम) के अखंड दीपों का प्रज्ज्वलन एवं तुलसी विवाह का परंपरागत रूप से आयोजन एवं अंतिम दिन आम भंडारा आयोजित होगा। यह जानकारी देते हुए बालकधाम प्रवक्ता निर्मल मंगवानी ने बताया कि प्रकाशोत्सव की शुरूआत गुरुवार 30 अक्टूबर रात्रि 11 बजे श्री गुरूग्रंथ साहेब के सप्ताह पाठ आरंभ से होगी। 2 नवंबर को देवउठनी एकादशी पर प्रात: 9 बजे तुलसी विवाह का आयोजन एवं समाजजनों द्वारा पितरों की शांति एवं आशीर्वाद की कामना से भीष्म (भीखम) के अखंड दीपों का प्रज्ज्वलन किया जायेगा। महोत्सव के दौरान मुख्य दिवस बुधवार 5 नवंबर मध्य रात्रि 1.20 बजें परंपरानुसार भगत मोहन कोरो छमाछम पार्टी  कल्याण के कलाकारों के संगीतमय गीतों भजनों, पल्लव, लोरियों एवं लाडों की प्रस्तुति एवं रंग बिरंगी आकाशीय गगनभेदी आतिशबाजी के मध्यम गुरूनानक देव जी का जन्मोत्सव डोली उतारकर मनाया जाएगा। प्रकाशोत्सव का समापन गुरुवार 6 नवंबर को प्रातः 11 बजे सप्ताह पाठ साहेब पर भोग पश्चात विशाल भंडारा के साथ होगा।


*बैठक में यह समाजसेवी रहे उपस्थित*


बैठक में मोहन दीवान, नारायण चावला,मनोहर सबनानी, मेठाराम पिंजानी, राजू, महेश चंदवानी, शंकर, खैमचंद जेठवानी, संजय, राजू सबनानी, प्रदीप, अनिल कोटवानी, शंकर आसवानी, किशनचंद कोटवानी, कुमार, नरेंद्र फतवानी,  चंद्रलाल, चंद्रलाल, घनश्याम वाधवा, जयराम वाधवानी, प्रकाश आहूजा, विजय मंगवानी, हरिश मलानी, कन्हैयालाल सहजवानी, नारायण चावला, मनोहर संतवानी, डीडी आसवानी, निर्मल मंगवानी, महेश मंगवानी, अशोक राजाणी, राम वासवानी, अनुप, शंकर मिहानी, संतोष कृपलानी, साधु लखानी, जीवत राम रेवतानी, जेठानंद जेठवानी, संतोष मोटवानी, जेठानंद हरचंदानी, जयराम उधलानी, शंकर, अशोक मंगवानी, केवलराम तेजवानी, लखमीचंद गोपानी, मनोज खैटपाल, सेवकराम विश्वानी, अनिल सबनानी, नरेश लालवानी, अजय, मनोज गेलानी आदि सहित बडी संख्या में समाजजन उपस्थित थे।

देवेन्द्र सोनी नर्मदांचल के वरिष्ठ पत्रकार तथा युवा प्रवर्तक के प्रधान सम्पादक है। साथ ही साहित्यिक पत्रिका मानसरोवर एवं स्वर्ण विहार के प्रधान संपादक के रूप में भी उनकी अपनी अलग पहचान है। Click to More Detail About Editor Devendra soni

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