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काव्य : शिक्षक ही क्यों ? - प्रतिभा दिनेश कर विकासखण्ड सरायपाली


 

काव्य : 

शिक्षक ही क्यों ?


जनगणना हो, चुनाव हो ,हर काम में हमें बुलाया जाता है,

शिक्षा का दीप जलाने वाला ही बार-बार घसीटा जाता है।


एग्जाम का समय, फिर ट्रेनिंग का बोझ है,

रिजल्ट बनाएं कब ये सबसे बड़ा रोज़ का खोज है।


कक्षा में बच्चों को ज्ञान भी देना है,

फाइलों में उलझकर कर्तव्य भी निभाना है।


दिनभर की भागदौड़ में समय कहाँ मिलता है,

फिर भी शिक्षक हर जिम्मेदारी को दिल से निभाता है।


स्कूल, समाज, देश—तीनों का भार उठाता है,

फिर भी मुस्कुराकर अपना फर्ज निभाता है।


- प्रतिभा दिनेश कर 

विकासखण्ड सरायपाली

देवेन्द्र सोनी नर्मदांचल के वरिष्ठ पत्रकार तथा युवा प्रवर्तक के प्रधान सम्पादक है। साथ ही साहित्यिक पत्रिका मानसरोवर एवं स्वर्ण विहार के प्रधान संपादक के रूप में भी उनकी अपनी अलग पहचान है। Click to More Detail About Editor Devendra soni

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